About Dr. P. Sanjay

Dr. Acharya P Sanjay

Dr. Archaya P. Sanjay M. Sc. LLB., a lawyer and journalist has great admiration for astronomy, astrology, numerology, Lal kitab and Mantras. He has a scientific back ground and he did a lot of research on these subjects. Providing Astro-Palm consultation to people's problems has become the sole aim and object of his life. His predictions are based on several dasas such as Vimshottari, Dwisaptatisama, Dwadashottari and Chaturshitisama Dasa etc, Jamini Char Dasa, Kota Chakra, sun and ascendant. Yogini and Navanmsha dasa are additional methods to predict. This is rare way to predict in India. His numerous predictions published in the national and regional dailies have received great appreciations.
Hundreds of foreigners are taking appropriate advice from him. Delhi and Vrindaban are the working place in India. As in Vrindaban Radha Mohan Munger 'temple is one Astrological centre in India. This is true that 'Astrological guidance changes your destiny. Jyotisha is based on the laws of nature which bind the cosmos together. These laws express the unity within the diversity of life and the underlying intelligence which governs with great precision.

Web: www.astrovision.in

Active Predictions

On popular Demand Dr. Acharya P Sanjay, analyse various aspects of Grahas and Movements of stars and after full research write some blogs based of the outcome, these are published here ...

पिछले 2000 वषों में हुए भयंकर महामारी पर ग्रह एवं नक्षत्र आधारित गहन ज्योतिषीय अध्ययन

राधे राधे। पिछले दो सप्ताहों के अथक प्रयास के बाद देश-विदेश खासकर जापान, इटली, यूरोप के ज्योतिष प्रेमियों की मांग पर करोना बीमारी पर कुछ लिखने का प्रयास किया हॅूं। अनुसंधान का विषय है कि कब तक यह महामारी मानव जीवन पर भारी रहने वाली हैं ? ज्योतिष के किताबों, विकिपिडिया एवं गुगल पर सर्च कर 165 से 2020 तक आये भीषण बीमारियों का मैंने अध्ययन किया। प्रथम विश्वयुद्ध 1914-1918 एवं द्वितीय विश्वयुद्ध 1944-1945 में लाखों लोगों की आकाल मृत्यु का मैंने अध्ययन किया। ज्योतिष में संक्रमण को बढ़ाने में राहु/केतु ग्रहें एवं कमजोर एवं नीच बुध ग्रह एवं शनि ग्रह के नीच एवं ऊॅच एवं मकर स्थित शनि को विशेष रूप से जिम्मेदार माना गया है। मिथुन एवं कर्क राशियों का आक्रांत/दुर्बल होना मुख्य कारण है। अतः जिनकी व्यक्तिगत कुंडली में लग्न मजबूत होना एव बचाव वाले ग्रह वृहस्पति, चंद्रमा, शुक्र एवं बुध मजबूत या ऊॅच राशि में स्थित है, राहु मददगार है, उन्हें ज्यादा डरने की आवश्कता नहीं है। यह प्रभाव सिर्फ भारत में ही नहीं, विश्व जगत में प्रभावी है। मेरे अनुसंधान में 24 मई, 2020 तक करोना का प्रभाव ज्यादा रहेगा। पर 6 अप्रैल, 2020 से 22 अप्रैल, 2020 ज्यादा बचना होगा। क्योंकि मिथुन राशि का स्वामी बुध नीच में रहेंगे। आद्र्रा नक्षत्र मिथुन राशि में ही आता है। अतः इंफेक्शन फैलाव में बुध ग्रह मददगार होंगे। अक्टुबर, 2020 तक में पूरे विश्वमें करोना का पूरा सफाया सम्भव। चूंकि राहु ग्रह 11 अक्टुवर, 2019 को ही आद्र्रा में प्रवेश किया है और यह 24 मई, 2020 तक चलेगा।....

Astro remedy for Corona Virus

बुध और केतु ग्रह मानव शरीर में भयानक संक्रमण पैदा करने के स्वामी वाला ग्रह हैं। सूर्य, चंद्रमा और बृहस्पति, शनि, मंगल भी संक्रमण पैदा करने के लिए भी जिम्मेदार हैं। कोरोना वायरस से लड़ने के लिए, हमें छोटी उंगली में हरे पत्थर जैसे पन्ना, ग्रीन टर्मुलिन, जेड स्टोन पहनना चाहिए। मोती भी धारण करें। बुध और चंद्रमा हमारे गले, छाती, फेफड़े और रक्त का प्रतिनिधित्व करते हैं। इस घातक वायरस से लड़ने में सिद्ध कुंजिका पाठ और बुध मंत्र भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। केतू मंत्रों का जप भी करें। भगवान शिव की पूजा करना भी सबसे प्रभावी उपाय होगा क्योंकि प्राचीन समय में, भगवान शिव ने मानव जगत के लिए विष का सेवन किया था। इसलिए भगवान शिव विष संबंधी बीमारी कोरोना वायरस से लोगों को बचाएंगे। जिनकी कुण्डली में इन ग्रहों की मजबूती होगी वे लोग वोहान चीन में भी सुरक्षित रह रहे होंगे। ( अनेक ज्योतिष प्रेमियों के आग्रह पर हिंदी में )

Astrology studies based on pandemic Corona Virus


How to Change Destiny - By Dr. Acharya P Sanjay


मकर संक्रांति का महत्व

मकर संक्रांति का महत्व भारतीय संस्कृति में सूर्य का बड़ा महत्व है | सूर्य हमारे वैदिक देवता हैं | सूर्यदेव के बारे में वेद में कहा गया हे "सूर्य आत्मा जगत:" अर्थात सूर्य विश्व का आत्मा है | ज्योतिष शास्त्र में सूर्य को आत्मा का कारक माना गया है| मेष आदि १२ राशियाँ है | हर राशि में सूर्य एक माह तक रहते हैं | जब सभी १२ राशियों का परिभ्रमण समाप्त होता है तब एक संवत्सर यानी वर्ष समाप्त होता है| काल गणना का विस्तृत विज्ञानं हमारे भारतीय ग्रंथो में वर्णित है | जब सूर्य मकर राशि में प्रवेश करते हैं तब से ६ महीने उत्तरायण के महीने होते हैं | जब सूर्य कर्क राशि में प्रवेश करते हैं तब से ६ महीने दक्षिणायन| इसी समय में ऋतुओं के राजा वसंत का आगमन होता है | अतः उत्तरायण का काल शुभ माना जाता है | कृषिप्रधान हमारे भारत में इस काल में धान और फसल को कटा जाता है |" उत्तरम् अयनम् अतीत्य व्यावृत्तः क्षेम सस्य वृद्धिकरः |" उत्तरायण का सूर्य क्षेम एवं धान्य वृद्धि करानेवाला होता है | संक्रांति का अर्थ जब सूर्य एक राशि से दूसरी राशि में प्रवेश करते हैं तब उस पुण्य काल को संक्रांति कहते हैं | वैसे तो हर महीने संक्रांति होती है और हर संक्रांति महत्वपूर्ण है परन्तु जब सूर्य मकर राशि में प्रवेश करते हैं तब मकर संक्रांति का पर्व मनाया जाता है |

Recent Sessions

Recent Astrological Session at various location in India
with clients of high repute and streture also from other part of the world

With Hemant Soren

Hon'ble Chief Minister of Jharkhand Sri Hemant Soren after a astrological session in his office at Ranchi.

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Ms Brinda Karat

Famous Leader and Ex. CPI(M) President Ms. Brinda Karat after a meeting.

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Foreign Client

Foreign Client session at Vrindaban, Uttar Pradesh.

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Foreign Client

Foreign Client session at Vrindaban, Uttar Pradesh.

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Foreign Client

Foreign Client session at Vrindaban, Uttar Pradesh.

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Foreign Client session at Vrindaban, Uttar Pradesh.

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Foreign Client

Foreign Client session at Vrindaban, Uttar Pradesh.

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Foreign Client

Foreign Client session at Vrindaban, Uttar Pradesh.

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Astrology Methods

Dr. Acharya P Sanjay works on follwing astrological methods and depending upon requirement, client willingness, performs analysis work and suggest future course of action and remedial steps to conquer.

Astrology

The method of forecasting through the observation and interpretation of the Sun, Moon & Star

Gemini Method

Jaimini Astrology techniques revolve around what you truly are, what you truly want to be.

Lal Kitab

remedies is simple remedies for various planetary afflictions in the horoscope or birth chart

Kota Chakra

Kota Chakra is fundamentally a diagram depicting transit routes of planets through 28 Nakshatras

Reiki

Japanese technique for stress reduction and relaxation that also promotes healing

Vastu

Vastu shastra a traditional Indian system of architecture

Have a question or need astrological help ?

Any one having question, looking for astrological help, willing to have appointment to discuss stars, job, love, health, family issues please whatsapp on +91-943-123-6211 08:00 am to 08:00 pm (IST).